67वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार

राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार (National Film Awards)

  • यह भारत में आयोजित होने वाला सबसे प्रमुख फिल्म पुरस्कार समारोह है। 
  • इसकी स्थापना वर्ष 1954 में हुई थी।
  • उस समय देश के राष्ट्रपति डॉ राजेन्द्र प्रसाद थे और सूचना प्रसारण मंत्री बी.वी. केसकर थे।
  • इन राष्ट्रीय पुरस्कारों को तब राजकीय फिल्म पुरस्कार कहा जाता था। 
  • इसे 1973 से भारतीय पैनोरमा और भारत के अंतर्राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव के साथ-साथ भारत सरकार के फिल्म समारोह निदेशालय द्वारा प्रशासित किया गया है।
  • विजेता प्रविष्टि का चयन करने के लिए सरकार हर साल एक राष्ट्रीय पैनल नियुक्त करती है।
  • यह पुरस्कार समारोह नई दिल्ली में आयोजित किया जाता है और भारत के राष्ट्रपति द्वारा विजेता प्रविष्टियों को पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं।
  • उसके बाद राष्ट्रीय फिल्म महोत्सव का उद्घाटन किया जाता है जहां पुरस्कार विजेता फिल्मों को जनता के लिए प्रदर्शित किया जाता है। 
  • पिछले वर्ष में निर्मित फिल्मों के लिए पुरस्कारों की घोषणा की जाती है।

67वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार के मुख्य तथ्य

  • मार्च 2021 में 67वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों की घोषणा की गई थी, हालांकि, उन्हें वर्ष 2019 में सिनेमा में सर्वश्रेष्ठ पुरस्कारों से सम्मानित किया गया था।
  • कोविड-19 महामारी के कारण पुरस्कारों को स्थगित कर दिया गया था।
  • सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म का पुरस्कार प्रियदर्शन के मलयालम काल के महाकाव्य ‘मरक्कर: लायन ऑफ द अरेबियन सी’ को दिया गया।
  • दिवंगत सुशांत सिंह राजपूत अभिनीत छिछोरे फिल्म को सर्वश्रेष्ठ हिंदी फिल्म का पुरस्कार प्रदान किया गया।
  • संजय पूरन सिंह चौहान को उनकी हिन्‍दी फिल्‍म ‘बहत्तर हूरें’ के लिये सर्वश्रेष्ठ निर्देशक का पुरस्कार सम्मान से सम्मानित किया गया।
  • अभिनेता मनोज बाजपेयी को हिन्‍दी फिल्‍म ‘भोंसले’ और ‘धनुष’ को तमिल फिल्‍म ‘असुरन’ के लिये सर्वश्रेष्ठ अभिनेता सम्मान से सम्मानित किया गया।
  • अभिनेत्री कंगना रनौत को उनकी फिल्म मणिकर्णिका के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री सम्मान से सम्मानित किया गया।
  • साथ ही फिल्मों के प्रति सबसे संवेदनशील राज्य का पुरस्कार सिक्किम को मिला है।
  • सिनेमा पर सर्वश्रेष्ठ पुस्तक का पुरस्कार संजय सूरी की ‘ए गांधीयन अफेयर: इंडियाज़ क्यूरियस पोर्ट्रेयल ऑफ लव इन सिनेमा’ को प्रदान किया गया है।
  • स्वाती पांडे द्वारा निर्देशित ‘एलिफेंट डू रिमेम्बर’ ने बेस्ट बॉयोग्राफिकल फिल्म के लिए पुरस्कार जीता है।
  • साउथ अभिनेता विजय सेतुपति को बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर के तौर पर राष्ट्रीय पुरस्कार दिया गया है। उन्हें तमिल फिल्म ‘सुपर डीलक्स’ के लिए सम्मानित किया गया
  • सुपरस्टार रजनीकांत को 51वें दादासाहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
  • विजेताओं को उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने स्वर्ण कमल एवं रजत कमल, शॉल और ईनाम की राशि देकर सम्मानित किया।